उज्जैन। खाराकुआं थाना पुलिस ने वक्फ बोर्ड मस्जिद व मजार मदारगेट कमेटी के उपाध्यक्ष हारुन नागौरी को ब्लैकमेल करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने नर्मदापुरम जिले के सोहागपुर से गिरोह के तीन सदस्योंकृअय्यूब अहमद खान, सलीम खान और अमजद हुसैनकृको गिरफ्तार किया है। सभी आरोपियों को विशेष टीम बनाकर दबोचा गया और उज्जैन लाकर पूछताछ की जा रही है। गिरफ्तार आरोपियों पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 318, 338, 336(3), 308(7) और 3(5) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह लंबे समय से प्रदेशभर में वक्फ कमेटियों को टारगेट कर अवैध वसूली और फर्जीवाड़े की गतिविधियों में सक्रिय था।
कैसे खुला मामला?
11 सितंबर को मदारगेट वक्फ समिति के उपाध्यक्ष हारुन नागौरी ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि कुछ लोग फर्जी दस्तावेजों और झूठी शिकायतों के जरिए उन्हें और समिति को परेशान कर रहे हैं। जांच में यह साबित हुआ कि लगाए गए आरोप पूरी तरह से निराधार थे।
गिरोह की करतूतें
-फर्जी शपथ पत्र बनाकर हाईकोर्ट में गलत याचिका दाखिल करना।
-वक्फ संपत्तियों पर दबाव बनाकर दुकानों का अवैध आवंटन कराने की कोशिश।
-विभिन्न थानों और अदालतों में झूठी शिकायतें दाखिल करना।
-वक्फ कमेटियों को ब्लैकमेल कर पैसों की वसूली करना।
हाईकोर्ट तक पहुंचा फर्जीवाड़ा
इस गिरोह ने 8 जुलाई को इंदौर हाईकोर्ट की खंडपीठ में भी एक फर्जी शपथ पत्र दाखिल कर पुलिस पर कार्रवाई न करने का आरोप लगाया था। जांच में यह याचिका पूरी तरह झूठी निकली।
पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों को 20 सितम्बर तक चार दिन की रिमांड पर भेजा गया है । सूत्रों के अनुसार रिमांड के दौरान आरोपियों ने बताया कि उनके गिरोह में कई लोग शामिल हैं और सूत्र बताते है कि आरोपियों ने इस गिरोह के मास्टरमाइंड का नाम भी बताया है, जो फर्जी दस्तावेज तैयार कर गिरोह को उपलब्ध कराता था। पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा का कहना है कि आरोपियों से गहन पूछताछ जारी है।
फिलहाल गिरफ्तार तीनों आरोपियों को चार दिन की पुलिस रिमांड पर लिया गया है। और भी नाम सामने आ सकते हैं।
रिपोर्ट: आदाब खान, नेशनल कार्डिनेटर, प्रदेश दस्तक
