संवाददाता आदाब खान, प्रदेश दस्तक, भोपाल
मध्यप्रदेश में वक्फ बोर्ड से जुड़े एक गंभीर प्रकरण में भाजपा नेता और पूर्व वक्फ बोर्ड अध्यक्ष शौकत मोहम्मद खान पर बड़ी कार्रवाई की गई है। उज्जैन पुलिस ने उन्हें फरार आरोपी घोषित करते हुए ₹10,000 का इनाम घोषित किया है। यह इनाम उस व्यक्ति को मिलेगा जो उनकी गिरफ्तारी में सहायक ठोस सूचना पुलिस को उपलब्ध कराएगा।
🔹 आधिकारिक पुलिस आदेश
पुलिस अधीक्षक कार्यालय, जिला उज्जैन द्वारा जारी आदेश क्रमांक 3030/उज्जैन/रीडर/उद्घोषणा/125/2025, दिनांक 15.10.2025, के अनुसार थाना खाराकुआं में दर्ज अपराध क्रमांक 135/2025 (धारा 318, 338, 336(3), 308(7), 3(5) बीएनएसएस) के तहत तीन आरोपियों के खिलाफ इनामी घोषणा की गई है।
इन तीनों फरार आरोपियों में सबसे पहला नाम शौकत मोहम्मद खान पिता असगर मोहम्मद खान, निवासी 68 एम.आर.आई. कॉलोनी, सीआईपी रोड, भोपाल का है।
पुलिस अधीक्षक प्रदीप शर्मा द्वारा हस्ताक्षरित इस आदेश में उल्लेख है कि अभियुक्तों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस द्वारा लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, किंतु आरोपी अब तक फरार हैं। इस कारण इन पर नगद इनाम घोषित किया गया है।
🔹 आरोप क्या हैं?
शौकत मोहम्मद खान पर आरोप है कि उन्होंने:
- समानांतर वक्फ बोर्ड चलाने का प्रयास किया,
- न्यायालय में फर्जी शपथपत्र और दस्तावेज़ पेश किए,
- और इस प्रक्रिया में लोगों को गुमराह कर धोखाधड़ी (धारा 420 के समकक्ष प्रावधान) जैसे अपराध किए।
इसी प्रकरण में पुलिस ने तकमील नासिर (निवासी नई मोहल्ला, जबलपुर) और रियाज खान (निवासी मदार रोड, उज्जैन) को भी आरोपी बनाया है।
🔹 फरार चल रहे हैं आरोपी
उज्जैन पुलिस के अनुसार, उक्त आरोपी लंबे समय से फरार हैं। अदालत में पेश न होने और गिरफ्तारी से बचने के कारण उन पर यह इनामी घोषणा की गई है। पुलिस ने जनता से अपील की है कि यदि किसी को इनके ठिकाने या गतिविधियों की जानकारी हो, तो वह संबंधित थाने या पुलिस कंट्रोल रूम (0734-2527130, 2525235, 2527143, 100) पर सूचित करे।
🔹 सामाजिक और राजनीतिक पृष्ठभूमि
शौकत मोहम्मद खान भाजपा से जुड़े रहे हैं और पूर्व में मध्यप्रदेश वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष भी रह चुके हैं। उनके खिलाफ पहले भी वक्फ संपत्तियों को लेकर विवादों की चर्चाएँ सोशल मीडिया पर सामने आती रही हैं।
इस कार्रवाई के बाद यह मामला राजनीतिक हलकों में चर्चा का विषय बन गया है। कुछ सोशल मीडिया यूज़र्स ने इसे “राजनीतिक बदले की कार्रवाई” बताया है, जबकि अन्य ने पुलिस की कार्यवाही को सही ठहराया है।
🔹 अगले कदम
- पुलिस अब आरोपी की लोकेशन ट्रैक कर रही है।
- अदालत में रिपोर्ट पेश कर आगे की कार्यवाही की तैयारी की जा रही है।
- गिरफ्तारी के बाद मामले की सुनवाई न्यायालय में होगी।
पुलिस ने चेतावनी दी है कि कोई भी व्यक्ति फरार आरोपी की मदद या संरक्षण न करे, अन्यथा उसके खिलाफ भी वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
तीन आरोपी पूर्व में नर्मदापुरम व सोहागपुर से हो चुके है गिरफ्तार
खाराकुआं पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए वक्फ बोर्ड की संपत्तियों पर अवैध कब्ज़ा और वसूली करने वाले गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए। पुलिस ने वक्फ मस्जिद व मजार मदरसा कमेटी के उपाध्यक्ष हारून नागोरी को ब्लैकमेल करने वाले गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया है।
गिरफ्तार आरोपियों में अय्यूब अहमद खान, सलीम खान और अमजद हुसैन शामिल हैं, जो नर्मदापुरम जिले के सोहागपुर के रहने वाले हैं। पुलिस ने इन आरोपियों को विशेष टीम बनाकर नर्मदापुरम व सोहागपुर से गिरफ्तार किया और उज्जैन लाया, जिन्हें चार दिन की रिमांड के बाद न्यायलय द्वारा जेल भेज दिया था।
आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धारा 318, 338, 336(3), 308(7) और 3(5) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि यह गिरोह प्रदेशभर में वक्फ कमेटियों को डराकर उनसे लंबे समय से अवैध वसूली और फर्जीवाड़े में सक्रिय था।

मामला कैसे शुरू हुआ
11 सितंबर को उपाध्यक्ष हारून नागोरी ने थाने में शिकायत दर्ज कराई थी कि गिरोह फर्जी दस्तावेज़ों और झूठी शिकायतों के ज़रिए उन्हें और समिति को ब्लैकमेल कर रहा है। जांच में आरोपियों पर कई गंभीर फर्जीवाड़े के प्रमाण मिले।
गिरोह की करतूतें
- फर्जी शपथ पत्र बनाकर हाईकोर्ट में गलत याचिकाएं दाखिल करना।
- वक्फ संपत्तियों पर कब्ज़े और दुकानों के अवैध आवंटन की कोशिश।
- विभिन्न थानों और न्यायालयों में झूठी शिकायतें दर्ज कराना।
- वक्फ कमेटियों को डराकर ब्लैकमेल कर पैसों की वसूली करना।
हाईकोर्ट में भी फर्जीवाड़ा
8 जुलाई को इंदौर हाईकोर्ट की खंडपीठ में भी इस गिरोह ने झूठा शपथ पत्र देकर प्रशासनिक अधिकारियों पर गलत आरोप लगाए थे, जिसके चलते उस समय भी इस गिरोह के खिलाफ पुलिस कार्रवाई की मांग उठी थी।
इस पूरे मामले की जांच जारी है और पुलिस का कहना है कि इस गिरोह के अन्य सभी फरार आरोपियों की भी तलाश की जा रही है।
